आदिवासी, किसान और मजदूरों के उत्थान की दिशा में राज्य का विशेष फोकस!

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मुख्यमंत्री के अनुसार, वंचित वर्गों को सशक्त बनाने के लिए राज्य की नई पहल

रायपुर (आदिनिवासी)। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने 1 नवंबर को राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने इस मौके पर छत्तीसगढ़ की स्थापना और उसके 24 साल की यात्रा पर गौरव जताते हुए कहा कि यह राज्य भारत रत्न एवं पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की कल्पना और दूरदृष्टि का परिणाम है। मुख्यमंत्री ने राज्य के निरंतर विकास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वाजपेयी द्वारा देखे गए सपनों को साकार करने के लिए छत्तीसगढ़ लगातार प्रगति की राह पर अग्रसर है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ ने राज्य निर्माण के बाद से हर क्षेत्र में विशेष उपलब्धियां हासिल की हैं। सरकार ने आदिवासियों, किसानों, मजदूरों और वंचित वर्गों को सशक्त बनाने के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं, जिससे उन्हें उनके अधिकारों का लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन की सरकार प्रदेश के विकास को नई गति प्रदान कर रही है, और छत्तीसगढ़ के विकास के लक्ष्यों को तेजी से हासिल करने का संकल्प ले रही है।

प्रदेश की सामूहिक भागीदारी पर बल देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एक विकसित और समृद्ध छत्तीसगढ़ का निर्माण सभी नागरिकों के सहयोग से ही संभव है। स्थापना दिवस के इस विशेष अवसर पर उन्होंने सभी प्रदेशवासियों से अपील की कि वे मिलकर छत्तीसगढ़ को आगे ले जाने का संकल्प लें और विकास का नया अध्याय लिखें।

मुख्यमंत्री साय ने प्रदेशवासियों से आग्रह किया कि वे राज्योत्सव के अवसर पर अपने घरों में दीप प्रज्ज्वलित करें और दीपोत्सव के साथ राज्योत्सव का उत्सव मनाएं। उनका मानना है कि दीप प्रज्ज्वलन से न केवल प्रदेश की सांस्कृतिक एकता का प्रदर्शन होगा, बल्कि यह छत्तीसगढ़ की प्रगति और विकास के प्रति प्रतिबद्धता का भी प्रतीक बनेगा।

छत्तीसगढ़ की इस 24 वर्षों की विकास यात्रा को और भी मजबूती देने के लिए मुख्यमंत्री का यह संदेश प्रदेशवासियों को एकजुट होकर विकास की दिशा में कार्य करने के लिए प्रेरित कर रहा है। यह स्थापना दिवस सभी के लिए मिल-जुलकर प्रदेश की तरक्की में योगदान देने का एक अवसर है, जिससे आने वाली पीढ़ियों को एक उज्जवल और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की सौगात मिल सके।

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