सब का साथ, सब का विकास, सब का विश्वास, सब का प्रयास' और 'सब को न्याय, तुष्टीकरण किसी का नहीं।'मोदी राज के ये नारे, झूठ बोलने में इस राज के दूसरे सभी नारों से भी आगे हैं। सच्चाई यह...
बहुत शोर है कि मोदी के राज में दुनिया भर में भारत का डंका बज रहा है। खुद प्रधानमंत्री मोदी कई मौकों पर अपने मुंह से कह चुके हैं कि पहले तो लोग भारत में पैदा होने पर शर्म...
इधर 400 पार का गुब्बारा फुलाने में खुद मोदी जी की साँसें फूली जा रही हैं, उधर उनकी वित्तमंत्राणी ने लोकसभा चुनाव लड़ने से ही पल्ला झाड़ लिया। वे प्याज पहले ही नहीं खाती थीं, अब चुनाव भी नहीं...
भाजपा सरकार ने 2017 में तमाम विपक्षी दलों के विरोध और चुनाव आयोग तथा रिज़र्व बैंक की मनाही के बावजूद फाइनैन्स बिल के रास्ते यानी राज्यसभा से कन्नी काटकर चुनावी बांड की जो योजना लागू की, वह भ्रष्टाचार को...
"हाल ही में अरुण माहेश्वरी की 8 अध्यायों में विभाजित एक छोटी-सी पुस्तिका "सनातन धर्म : इतना सरल नहीं" आई है। यह पुस्तिका सनातन धर्म और हिंदू धर्म के बीच के संबंधों और विवादों का गहराई से तथ्यपरक विश्लेषण...
(व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा)
देखा, देखा! कैसे विरोधी, डेमोक्रेसी के मर्डर का शोर मचा रहे हैं? मर्डर और वह भी डेमोक्रेसी का? वाकई! पर कैसे?
कह रहे हैं कि केजरीवाल की गिरफ्तारी, डेमोक्रेसी का मर्डर है। सिंपल मर्डर भी नहीं, सीएम...
आईये मिलकर किसानों के हित के लिए लड़ें: मनरेगा को बचाने और भाजपा को हराने का आह्वानहाल ही में अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (आईएलओ) के वर्किंग पेपर नंबर 107 में ग्रामीण भारत में नागरिकों की क्रय शक्ति में नकारात्मक रुझान...
लगने को तो अनेक को लग सकता है कि हमारे प्रधानमंत्री जी बड़े विनोदी हैं, मजाकिए भी हैं। हालांकि अगर ऐसा लगता है तो कोई अजीब बात भी नहीं। ऐसा लगना सिर्फ अनुमान नहीं है, इसमें भरी-पूरी सच्चाई है। इसके...
बात 2014 की है। प्रधानमंत्री का अभी सेहरा बांधने के निशान मिटे भी नहीं थे - संसद की सीढियां उन पर बहाए गए आंसुओं से अभी भी गीली थी... और जिस तरह नयी नयी साईकिल सीखने वाला चौराहे की...
दिसम्बर 2019 में पास किये गये भेदभावकारी और विभाजनकारी अन्यायपूर्ण नागरिकता संशोधन कानून को लागू करने वाली नियमावली की अधिसूचना 2024 चुनावों की अधिसूचना आने से ठीक पहले जारी करना एक राजनीतिक साजिश का संकेत है। जैसा कि अमित...