शुक्रवार, अगस्त 29, 2025

नौकरी, मुआवजा के अभाव में 05 अगस्त से अपनी जमीनों पर कब्ज़ा करेंगे NTPC के भू-विस्थापित

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आश्वासन के बाद, एनटीपीसी प्रबंधन ने फिर किया वादाखिलाफी

कोरबा (आदिनिवासी)। एनटीपीसी कोरबा के खिलाफ भू-विस्थापितों के द्वारा अनिश्चित कालीन हड़ताल 22 जुलाई 2023 से 93 दिनों तक किये गये तथा 24 जुलाई 2023 को एनटीपीसी गेट पर नौकरी, बचे जमीन की क्षतिपूर्ति मुआवजा को लेकर सांकेतिक धरना प्रदर्शन के पश्चात आश्वासन दिये जाने के बाद भी आज दिनांक तक एनटीपीसी प्रबंधन के द्वारा किसी प्रकार से नौकरी व मुआवजा, नौकरी की नियुक्ति पत्र प्रदान नहीं किये जाने की स्थिति में एनटीपीसी के समस्त भूविस्थापित 05 अगस्त 2023 से एनटीपीसी के द्वारा अधिग्रहित एवं बचे शेष भूमि को पुनः अपने तथा अपने परिवार के जीवकोपार्जन एवं भरण-पोषण हेतु काबिज करेंगे और आंदोलन करते रहेंगे व जब तक हमारी मांग पूरी नहीं होती है तब तक एनटीपीसी के किसान विरोधी रवैया के खिलाफ हम भूविस्थापित अपना आंदोलन पूर्व की तरह लगातार जारी रखेंगे।

ग्राम चारपारा व कपाटमुड़ा से नौ भू-विस्थापित व अन्य भू-विस्थापितों के द्वारा राजन कुमार पटेल, गणेश कुमार केंवट, घसियाराम केंवट, सूरज कुमार केंवट, रामायण प्रसाद केंवट, मथुरा राम केंवट, दयालिक विश्वकर्मा, शुभम् केंवट व कपाटमुड़ा के भू-विस्थापित कैलाश पटेल के द्वारा उग्र आंदोलन व सांकेतिक प्रदर्शन किया गया था जिसमें एनटीपीसी टाउनशिप में एडीसी में 05 भू-विस्थापितों के बीच दर्री तहसीलदार के द्वारा व एनटीपीसी प्रबंधन के द्वारा बैठक कराकर आश्वासन दिया गया था।

भू-विस्थापितों को आश्वासन देने के बाद भी गुमराह किया जा रहा है और दर्री तहसीलदार व एनटीपीसी प्रबंधन के द्वारा लिखित में नियुक्ति पत्र नहीं दिया जा रहा है और महामहिम राज्यपाल महोदय जी के आदेशों का पालन भी नहीं किया जा रहा है। जिसमें बिना कोई लिखित पत्र के ट्रेनिंग के लिए एनटीपीसी सीपत भेजे जाने की बात कही जा रही है। इस प्रकार के बिना लिखित आधार के घोषणा की कोई मतलब नहीं है। इसके पहले भी 04.09.1979, 22.09.1981 व 12.02.1987 में लिखित आम सूचना जारी किया गया है।

एनटीपीसी प्रबंधक के द्वारा व दर्री तहसीलदार के द्वारा स्वीकार नहीं किया जा रहा है। दर्री तहसीलदार द्वारा बैठक में निर्णय लिया गया है कि 09 भू-विस्थापितों के लिए योग्यतानुसार रोजगार प्रदान किया जायेगा व जमीन की क्षतिपूर्ति मुआवजा राशि दिया जायेगा, यह कहा गया था लेकिन दूसरे दिन से ही गुमराह करना शुरू कर दिया गया।

इसके पश्चात बचे शेष जमीन न्यायालय भू-अर्जन अधिकारी कोरबा के द्वारा 10 प्रकरण का मुआवजा नहीं दिया गया है। इसकी सूचना महामहिम राज्यपाल महोदय, मान. गृहमंत्री छ.ग. शासन, कलेक्टर कोरबा, पुलिस मुख्यालय अटल नगर नया रायपुर, पुलिस अधिक्षक कोरबा, थाना प्रभारी दर्री, अनुविभागीय अधिकारी कटघोरा को दी गई है। जब तक हमारी मांगे पूरी नहीं होती है तब तक हमारा आंदोलन जारी रहेगा।

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